28 साल की उम्र में सन्यास लेने वाला इकलौता भारतीय खिलाड़ी, जो हुआ था टीम के पॉलिटिक्स का शिकार
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28 साल की उम्र में सन्यास लेने वाला इकलौता भारतीय खिलाड़ी, जो हुआ था टीम के पॉलिटिक्स का शिकार

नई दिल्ली: (Maninder Singh) क्रिकेट भारत के सबसे लोकप्रिय खेलों में से एक है, यहां के लोग क्रिकेट देखने के साथ-साथ क्रिकेट खेलना भी बहुत पसंद करते है। यहां तो क्रिकेट का इतना ज्यादा क्रेज है कि जिसे जहां क्रिकेट मैच का प्रसारण होता दिख जाए, वो वहीं मैच देखना शुरु कर देता है।

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चाहे वह गली की दुकानें हो या फिर चाय की नुक्कड़ कोई फर्क ही नहीं पड़ता। यहां तक की लोग ज्यादा मस्ती एवं ठहाकों के लिए दोस्तों के साथ या फिर दोस्तों के घर भी मैच देखने पहुंच जाते है।बता दें कि हमारे देश में बहुत ऐसे क्रिकेटर हुए जिन्होंने पूरे विश्व में अपनी पहचान बनाई और देश का नाम रौशन किया तो वहीं दूसरें तरफ कुछ क्रिकेटर ऐसे भी हुए जिनका जीवन काफी विवादास्पद रहा।

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इन्हीं में से एक है हमारे देश के भूतपूर्व क्रिकेटर मनिंदर सिंह। इस प्रतिभाशाली एवं प्रभावशाली क्रिकेटर का करियर भी गुमनामी के अंधेरों में खो गया। आज ही के दिन (13 जून 1965) महाराष्ट्र के पुणे में जन्में मनिंदर का पूरा करियर विवादों में रहा। सिंह ने मात्र 17 वर्ष की उम्र में ही इंटरनेशनल टीम में डेब्यू कर लिया था, इन्होंने 1982 में अपना पहला मैच पाकिस्तान के खिलाफ कराची के मैदान पर खेला। जबकि सन् 1993 में उन्होंने अपना अंतिम मैच जिम्बाबे के खिलाफ खेला था।

पूर्व भारतीय स्पीनर (Maninder Singh)सिंह का क्रिकेट करियर

दाहिनें हाथ के इस बल्लेबाज ने अपने टेस्ट करियर में 35 मैचों में 3.80 की कुल औसत से मात्र 99 रन बनाए, तो वहीं दूसरे तरफ गेंदबाजी में उन्होंने कहर बरपाते हुए 35 टेस्ट मैचों में कुल 88 विकेट अपने नाम किया। सिंह ने पारी में तीन बार 5 विकेट एवं मैच में 2 बार 10 विकेट लेने का अनोखा रिकार्ड बनाया है। इनका सर्वश्रेष्ठ बॉलिंग प्रदर्शन 27 रन पर 6 विकेट का है।

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वहीं अगर हम एकदिवसीय मैचों की बात करें तो उन्होंने 59 एकदिवसीय मैचों में 66 विकेट अपने नाम किए है, जबकि बल्लेबाजी में 12.25 की औसत से कुल 49 रन बनाया। वनडे में इनका सर्वश्रेष्ठ बॉलिंग प्रदर्शन 22 रन देकर 4 विकेट का है। टीम के इंटरनल पॉलिटिक्स की वजह से इन्हें टीम से बाहर कर दिया गया था, जो कि उनके सन्यास के कारणों में से एक था। इन्होंने मात्र 28 साल की उम्र में क्रिकेट को अलविदा कह दिया।

सिंह का रहा विवादों से गहरा नाता

कहा जाता है कि सिंह ने अपने व्यक्तिगत परेशानियों के कारण बहुत ही कम समय में क्रिकेट को अलविदा कह दिया। लेकिन बाद में यह भी बात निकल कर सामने आई कि टीम की आंतरिक पॉलिटिक्स के कारण वे सन्यास लेने पर विवश हो गए। हालांकि सन्यास के बाद अब वह क्रिकेट कमेंटेटर के रुप में सक्रिय हैं। बता दें कि 22 मई 2007 को पूर्वी दिल्ली में स्थित उनके घर से पुलिस ने छापेमारी कर के 1.5 ग्राम कोकीन बरामद किया था।

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इस घटना के कुछ दिन बाद 8 जून 2007 को कई मीडिया चैनलों ने यह खबर चलाया की मनिंदर सिंह ने सुसाइड की कोशिश की है, जिसके बाद उन्हें शक्ति मुकुंद हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया है। लेकिन कुछ देर बाद ही उनकी पत्नी ने मीडिया के इस खबर को बेबुनियाद बताया और कहा कि कलाई की चोट के कारण उन्हें अस्पताल में जांच के लिए लाया गया है।

पत्नी से हुआ अनसुलझा विवाद(Maninder Singh Relation With Wife)

बता दें कि सिंह की शादी सन् 1990 में मेली सिंह से हुई थी लेकिन अपनी पत्नी के हमेशा अलग रहने के व्यवहार से खफा होकर सिंह सन् 2002 में फैमिली कोर्ट गए थे।

हालांकि बीते साल 2018 में कोर्ट ने कहा कि सिंह ने 16 साल पुरानें अपने वैवाहिक विवाद को सहमति से सुलझाने का फैसला किया है। कोर्ट ने इस बात की भी पुष्टि की थी कि वे अपनी बीबी रही महिला मेली सिंह को 1.75 करोड़ रुपये देने को राजी हो गए।

आज उनके जन्मदिन पर उन्हें हार्दिक बधाईयां, इन्होंने सीखाया कि परेशानियों को दरकिनार कर मनुष्य प्रगति के पथ पर निकल सकता है।

13 June, 2019

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