अलविदा 2018: दुनिया भर में कहर बनकर टूटी थी ये प्राकृतिक आपदाएं, दिखा तबाही का भयानक मंजर
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अलविदा 2018: दुनिया भर में कहर बनकर टूटी थी ये प्राकृतिक आपदाएं, दिखा तबाही का भयानक मंजर

नई दिल्ली। भारत ही नहीं बल्कि पूरी दुनिया में साल 2018 के दौरान कई बड़ी प्राकृति आपदाएं देखने को मिली। केरल की बाढ़ से लेकर इंडोनेशिया की सूनामी ने लाखों मानवीय जिंदगियों पर कहर बरपाया।

उत्तर भारत में तूफान ने मचाई तबाही

मई 2018 में भीषण गर्मी के बीच तेज आंधी से लोगों को शुरुआत में राहत मिली। लेकिन, देखते ही देखते यह आंधी तूफान में तब्दील हो गई। लगभग 15 दिनों तक इस तूफान ने उत्तर प्रदेश, राजस्थान, दिल्ली और हरियाणा समेत बिहार तक तबाही मचाई।

गर्म हवाओं की वजह से पाकिस्तान में शुरू हुआ यह तूफान भारत की तरफ बढ़ा और इसके चलते कई दिनों तक रोज आंधी-तूफान का कहर बरपा। तूफान के कारण सैकड़ों पेड़ उखड़ गए, घर और दुकानें तबाह हुई। आसमानी बिजली गिरी और इस तूफान में कम से कम 110 लोगों को अपनी जान गंवानी पड़ी।

केरल में बाढ़ का कहर

इस साल मानसून केरल में भयंकर तबाही लेकर आया। कई दिनों तक लगातार बारिश के कारण केरल में भयंकर विनाश हुआ। बीते 100 सालों में भी ऐसी भयंकर तबाही कभी केरल में नहीं देखी गई। बाढ़ की वजह से 350 से ज्यादा लोगों की मौत हुई और लाखों लोग बेघर हुए।

सरकारी अनुमान के मुताबिक, केरल की बाढ़ में 40 हजार करोड़ का नुकसान हुआ और सवा तीन लाख से ज्यादा लोग बेघर हुए। कई लोगों के मकान, दुकान और खेत इस बाढ़ के कारण नष्ट हो गए। कई स्थानों पर भूस्खलन भी हुआ और मलबे में दबकर लोग मारे गए।

इंडोनेशिया में भूकंप और सुनामी की तबाही

इंडोनेशिया में प्राकृतिक आपदा की शुरुआत विभिन्न शहरों में आए भूकंप से हुई। जुलाई के अंतिम दिनों में 6.4 तीव्रता के भूकंप के बाद 5 अगस्त को 6.9 तीव्रता वाला भूकंप आया। इस भूकंप ने भयंकर विनाश किया। इंडोनेशिया के लंबोक द्वीप और बाली में सबसे ज्यादा तबाही देखने को मिली। करीब 470 लोग इस विनाशकारी भूकंप में अपनी जान गंवा बैठे।

वहीं सितंबर के अंत में 7.5 तीव्रता का एक और भूकंप आया, जिसके साथ सुनामी की 20 फीट ऊंची लहरे उठी। इन लहरों ने सुलावेसी द्वीप में भारी तबाही मचाई। करीब 2800 से ज्यादा लोग इस सुनामी में मारे गए। वहीं दिसंबर के मध्य में इंडोनेशिया का जावा और सुमात्रा ज्वालामुखी फटने के बाद भयंकर सुनामी की चपेट में आए। इस सुनामी में भी करीब 450 से ज्यादा लोगों की मौत हुई।

ग्रीस के जंगलों की आग

जुलाई के आखिरी हफ्ते में ग्रीस के जंगलों में आग लगने से भीषण नुकसान हुआ। इस आग में न सिर्फ पेड़-पौधे और जानवर जलकर मरे, बल्कि कम से कम 126 लोग भी आग के कारण मारे गए। कहा गया कि जंगलों में आग के कारण कई लोगों की मौत आग में जलने से हुई, जबकि कई लोग आग से बचने के लिए समुद्र में कूद कर मौत के आगोश में समा गए।

पापुआ न्यू गिनी का भूकंप

फरवरी 2018 में पापुआ न्यू गिनी के सदर्न हाइलैंड्स प्रांत में भूकंप से काफी नुकसान हुआ। 7.5 तीव्रता वाले इस भूकंप के बाद कई जगहों पर भूस्खलन हुआ और भूकंप के बाद आने वाले झटके भी महसूस हुए। भूकंप की वजह से करीब 5 लाख लोग प्रभावित हुए और 145 लोगों को अपनी जान गंवानी पड़ी।

31 दिसम्बर, 2018

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