मुंबई हादसा: रिपोर्ट में हादसे की वजह का हुआ खुलासा, ऑडिटर को ब्लैकलिस्ट करने की मांग

नई दिल्ली: मुंबई फुटओवर ब्रिज हादसे को लेकर BMC के चीफ इंजीनियर ने बीएमसी कमिश्नर को प्रारंभिक रिपोर्ट सौंपी है। इस रिपोर्ट में ब्रिज की संरचनात्मक ऑडिट करने वाले अधिकारी को ब्लैकलिस्ट करने के साथ ही तत्कालीन चीफ इंजीनियर एस ओर कोरी समेत कई अधिकारियों के खिलाफ जांच की मांग की है।

रिपोर्ट में ये साफ किया गया है कि ऑडिट रिपोर्ट पुल की कमियां इंगित करने में विफल रहा। इससे यह पता चलता है कि संरचनात्मक ऑडिट गैर-जिम्मेदार और लापरवाही से किया गया था। ऑडिट रिपोर्ट को सार्वजनिक किया जाना चाहिए।

साथ ही इस रिपोर्ट में स्ट्रक्चरल ऑडिटर DAECA को तुरंत पैनल से हटाने की सिफारिश की गई है। साथ ही ऑडिटर को ब्लैकलिस्ट किए जाने और उसके अंदर चल रहे सभी कार्यों को उससे वापस लेकर DAECA के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की भी सिफारिश की गई है। इसके अलावा उसे मिलने वाले सभी पेमेंट पर रोक लगाने की बात भी कही गई है।

तत्कालीन चीफ इंजीनियर एस ओर कोरी के खिलाफ जांच होगी, साथ ही कई अफसरों के खिलाफ विभागीय जांच के आदेश दिए गए हैं। इसके अलावा रिपेयर करने वाली कंपनी को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। शुरुआती रिपोर्ट के मुताबिक RPS इन्फ्रास्ट्रक्चर को ब्लैकलिस्ट करने की सिफारिश की गई है। आरबी तारे, एबी पाटील, एसएफ काकुल्टे के खिलाफ जांच होगी। रिपोर्ट के अनुसार इस पुल को 2013 में रिपेयर करनेवाली कंपनी को बीएमसी ब्लैकलिस्ट करेगी।