दिल्ली-एनसीआर में मौसम का पलटाव, तेज हवाओं और बारिश से ठंड की वापसी, प्रदूषण में भी राहत के संकेत
मौसम बदला, ठंड फिर लौटी
वसंत पंचमी के मौके पर दिल्ली-एनसीआर में मौसम ने अचानक करवट ली। शुक्रवार सुबह से तेज हवाओं के साथ हल्की से मध्यम बारिश शुरू हुई, जिससे बीते दो दिनों की हल्की गर्माहट खत्म हो गई। हवा में नमी बढ़ी और ठंड का असर फिर महसूस होने लगा। भारतीय मौसम विभाग के अनुसार सक्रिय और तीव्र पश्चिमी विक्षोभ के चलते यह बदलाव हुआ है, जिसका असर अगले तीन से चार दिनों तक बना रह सकता है।
आने वाले दिनों का अनुमान
मौसम विभाग की चेतावनी के मुताबिक दिल्ली, यूपी सहित उत्तर भारत के कई हिस्सों में तेज हवाएं, बारिश और कुछ इलाकों में ओलावृष्टि की भी संभावना है। इस अवधि में अधिकतम तापमान में गिरावट देखी जा सकती है। शुक्रवार को पारा 18–20 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है, जबकि शनिवार को यह और नीचे खिसककर 16–18 डिग्री तक पहुंच सकता है। हवा की रफ्तार 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे तक रहने की संभावना जताई गई है। ऐसे में वीकेंड और 26 जनवरी के आसपास ठंड का असर तेज रह सकता है।
प्रदूषण से राहत, एक्यूआई में सुधार
बारिश और तेज हवाओं का सबसे बड़ा असर वायु गुणवत्ता पर पड़ा है। हवा में मौजूद प्रदूषक तत्व जमीन पर बैठने लगे, जिससे एक्यूआई में सुधार के संकेत मिले हैं। इसी पृष्ठभूमि में दिल्ली और पूरे एनसीआर में ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान (ग्रेप) के तीसरे चरण की पाबंदियां तत्काल प्रभाव से हटा दी गई हैं। यह निर्णय वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग ने प्रदूषण स्तर में गिरावट और मौसम की अनुकूलता को देखते हुए लिया।
ग्रेप-3 की पाबंदियां हटीं, गतिविधियां बहाल
ग्रेप-3 के तहत लगाए गए प्रतिबंध 16 जनवरी को लागू किए गए थे। अब इनके हटने के बाद बीएस-तीन पेट्रोल और बीएस-चार डीजल वाहनों पर लगी रोक समाप्त हो गई है। निजी निर्माण कार्य, गैर-जरूरी डीजल ट्रक, ईंट भट्टे और हॉट मिक्स प्लांट फिर से संचालित हो सकेंगे। अंतर-राज्यीय डीजल बसें जो सीएनजी, इलेक्ट्रिक या बीएस-छह मानकों को पूरा नहीं करती थीं, उन्हें भी दिल्ली में प्रवेश से नहीं रोका जाएगा।
आयोग की शर्तें और आगे की स्थिति
आयोग ने स्पष्ट किया है कि जिन निर्माण या विध्वंस स्थलों को नियमों के उल्लंघन के कारण विशेष आदेशों से बंद किया गया था, उन्हें बिना स्पष्ट अनुमति के दोबारा शुरू नहीं किया जा सकता। वहीं, ग्रेप-1 और ग्रेप-2 के सभी प्रतिबंध फिलहाल लागू रहेंगे। मौसम विभाग और आईआईटीएम पुणे के पूर्वानुमान के अनुसार आने वाले दिनों में मौसम अपेक्षाकृत अनुकूल रहेगा और वायु गुणवत्ता ‘खराब’ से ‘बहुत खराब’ श्रेणी के निचले स्तर पर बनी रह सकती है।
इस बीच, कुछ इलाकों में वायु गुणवत्ता अभी भी चिंता का विषय बनी हुई है। आनंद विहार में एक्यूआई 385 दर्ज किया गया, रोहिणी में 359, आईटीओ में 300 और आईजीआई एयरपोर्ट क्षेत्र में 298 रहा। मौसम की मौजूदा चाल से उम्मीद की जा रही है कि अगले कुछ दिनों में हालात और बेहतर हो सकते हैं।